Monday, October 19th, 2026

फाइलों में दब गया हमीदिया अस्पताल का जनरेटर मामला, नहीं हुआ एक्शन

भोपाल
हमीदिया अस्पताल में कोरोना संक्रमितों की हुई मौत  में खराब जनरेटर के रखरखाव का मामला अब फाइलों मे दबता नजर आ रहा है।  इस मामले में पीडब्ल्यूडी विभाग ने जनरेटर को आपरेट करने वाले आॅपरेटर को केवल नोटिस दिया गया है। उसके खिलाफ कोई कार्यवाही नहीं की है। गौरतलब है कि पिछले महीने हमीदिया अस्पताल की बिजली गुल होने के बाद  इमरजेंसी में काम करने वाला जनरेटर  काम नहीं कर पाया था। उस समय  कहा जा रहा था कि उसमें इमरजेंसी के समय डीजल नहीं था, पर इस संबंध में सीएम के हस्तक्षेप के बाद अपर आयुक्त उषा परमार ने जांच की तो उनको जनरेटर में 250 लीटर डीजल मिला। एक दिन बाद ही जब इस जनरेटर की दोबारा एडीएम उमराव मरावी ने जांच की तो उसमें 306 लीटर डीजल मिला था। अब सवाल यह उठा है कि रातों रात में उसमें 56 लीटर डीजल आखिर कैसे बढ़ गया।

हमीदिया अस्पताल में वहां पर बिजली की व्यवस्था देखने वाले  राकेश बड़वे उपयंत्री (पीडब्ल्यूडी) को पहले चरण में जनरेटर के मरम्मत कार्य की निगरानी नहीं करने के कारण  निलंबित किया गया। दूसरी तरफ  जतन अहिरवार सहायक यंत्री (पीडब्ल्यूडी) को  बीच-बीच में अस्पताल को दौरा कर जनरेटर की हालत की जांच करनी थी, जो उन्होंने नहीं की थी।

 

Source : Agency

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